कला साहित्य
लोकनायक का लोकमंगलकारी वनपथ
रामायण के मुताबिक ऋषि अगस्त्य ने ही राक्षसों के सफाये के मकसद से राम को दंडकारण्य जाने की सलाह दी थी। आज भी यहां के नदियों, पहाड़ों, सरोवरों एवं गुफाओं…
हिंदी रंगमंच पर तनिक ख्याली पुलाव !!
भोजपुरी की दुर्दशा के जिम्मेदार
हॉलीवुड ने जगाई आशा ! भारत में भी बढ़े देसी भाषा !!
वैदिक जी का जाना पत्रकारिता जगत की बड़ी क्षति
डा. वेद प्रताप वैदिक जी का जाना पत्रकारिता जगत की बड़ी क्षति है। वह प्रखर चिंतक, लेखक और सामाजिक सरोकारों वाले व्यक्ति थे। हमेशा वो किसी न किसी अभियान में…
प्रयोगधर्मी धुन ने बढ़ाया देश का मान
हालीवुड से तेलगु प्रसारण ! फिल्म RRR को ऑस्कर !!
सूफ़ीवाद का यथार्थ
ख्वान्द महमूद भारत आया एवं कश्मीर को अपना केंद्र बनाकर इस्लाम के प्रचार में लिप्त हो गया. इसके संबंध अकबर तथा जहांगीर से थे. बाद में शाहजहां के काल में…
हृदयंगम करें ‘हो-ली’ का तत्वदर्शन
पुराने लोगों की मानें तो चार-पांच दशक पूर्व तक होली कुदरती तत्वों अर्थात टेसू, केसर, मजीठ आदि के रंगों से खेली जाती थी। बसंत पंचमी को होलिका रखने के बाद…
भोजपुरी: संवैधानिक सम्मान का संघर्ष
देश में अगर किसी भाषा के संवैधानिक अधिकारों कि माँग सबसे सार्थक हैं तो वो भोजपुरी ही है. 2011 की जनगणना के अनुसार उत्तर प्रदेश, बिहार झारखण्ड, बंगाल आदि…







