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जनसत्ता के क्रमिक क्षय पर विचार करना एक दर्द भरा काम है

15 जनवरी, 2000 को विवेक गोयनका का सभी लोगों को पत्र मिला जिसमें वे समूह के सीईओ बनाए गए। वे इंडियन एक्सप्रेस के प्रधान संपादक तो थे ही। यह नया…

आधुनिक युग के विश्वामित्र हैं नितिन गडकरी !

त्रेतायुग के विश्वामित्र ने अयोध्या को जनकपुर से मिलाया। अयोध्या और जनकपुर के बीच संबंधों की डोर बांधी। मर्यादा पुरुषोत्तम राम और जानकी माता जिस मार्ग से आए, उस राम-जानकी…

अंग्रेज तो चले गए अंग्रेजियत रह गयी

  अंग्रेजी के ‘फ्रीडम’ शब्द और भारतीय भाषाओं के ‘स्वतंत्रता’ और उसके समानार्थी शब्दों को पर्यायवाची के रूप में उपयोग किया जाता है। लेकिन दोनों के अभिप्राय में जमीन-आसमान का…

कम्युनिस्टों से मिलता है भारतीय राजनीति के अघोरपंथ को बौद्धिक समर्थन

इस वर्ष छात्रसंघ चुनाव के परिणामों से स्पष्ट है कि जवाहर लल नेहरू विश्वविद्यालय अभी भी वामपंथियों का गढ़ बना हुआ है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद उन्हें चुनौती देने की…

प्रभाष जोशी ने सीईओ का पद ठुकराया, शेखर गुप्त ने सहर्ष स्वीकारा – इतिहास जनसत्ता का

क्षेत्रीय अख़बारों से आये लोगों ने प्रभाष जोशी की अंगुली पकड़कर जनसत्ता को बनाया। तब एक संरक्षक का भाव था। प्रभाष जोशी ने जब संपादकी छोड़ी तब जनसत्ता चार जगहों…

पंचायत राज के सपनों को आकार देती मोदी सरकार

पंचायती राज की कल्पना, गांधीजी की शासन और समाज की दो कल्पनाओं के मेल पर आधारित है। पंचायती राज नीचे से उस प्राथमिक समुदाय से शुरू होता है जिसकी कल्पना…

प्रभाष जोशी के बाद वैसा नेतृत्व जनसत्ता को मिल न सका -जनसत्ता जो दुबारा जन्मा

उस समय दिल्ली का जनसत्ता करीब दो लाख के आस-पास छपता था। एक्सप्रेस के प्रबंधन का तर्क माने तो उन दिनों न्यूज़ प्रिंट के दाम बढ़ने से कठिनाई ज्यादा हो…

राज्य तंत्र में कम्युनिस्टों की घुसपैठ

भारत के बारे में कार्ल मार्क्स की जानकारी बहुत सतही थी। अपने जीविकोपार्जन के लिए कार्ल मार्क्स ने अमेरिकी अखबारों के लिए लिखा है। भारत के बारे में उनकी अधिकांश…

कौशल के साथ पत्रकारिता, तथ्यपरक जानकारी और निर्भीकता से अपना दृष्टिकोण रखने का माध्यम बनी रहेगी तब तक वह सिर्फ व्यवसाय के लेन – देन वाले धंधे में नहीं बदल सकती, इतिहास जनसत्ता का

। लेकिन पत्रकारिता मिशन तो तब थी जब देश के सामने स्वाधीनता का मर मिटने वाला लक्ष्य था। एक स्वाधीन लोकतान्त्रिक देश की पत्रकारिता का वह मिशन कभी नहीं हो…

भीमा कोरेगांव में वामपंथ का हिंसक तांडव

  भीमा कोरेगांव की हिंसा के सिलसिले में महाराष्ट्र पुलिस ने अनेक स्थानों पर छापे मारकर पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। अब तक की जांच से यह स्पष्ट हो…