आधुनिक जीवन का आधार है राष्ट्रीयता
संविधान सभा में पंडित जवाहरलाल नेहरू के लक्ष्य संबंधी प्रस्ताव पर दूसरे चरण की बहस महीने भर बाद फिर से शुरू हुई। इस अवधि में मुस्लिम लीग की प्रतीक्षा की…
समाचार से आगे, समझ की ओर।
संविधान सभा में पंडित जवाहरलाल नेहरू के लक्ष्य संबंधी प्रस्ताव पर दूसरे चरण की बहस महीने भर बाद फिर से शुरू हुई। इस अवधि में मुस्लिम लीग की प्रतीक्षा की…
संविधान सभा में जयपाल सिंह अनुसूचित जनजाति का प्रतिनिधित्व कर रहे सदस्यों में सबसे बड़ा माना-जाना नाम था। पंडित जवाहरलाल नेहरू के लक्ष्य संबंधी प्रस्ताव पर 19 दिसंबर, 1946 को…
कोरोना काल में टेक्नालाजी के किसी भी प्लेट फार्म से अगर आपको संवाद करना है तो दो शब्दों से बच नहीं सकते, म्युट और अनम्युट। डिक्शनरी में म्युट शब्द अब…
महात्मा गांधी ने परस्पर विपरीत प्रवृतियों के प्रतिभाशाली व्यक्तियों को स्वाधीनता संग्राम की संघर्ष धारा से जोड़ा। उनमें एक जेपी थे। यही उनका लोकप्रिय नाम है। जिन्हें बिहार आंदोलन…
आर.के. सिधवा का भाषण इस कारण भी अत्यंत महत्वपूर्ण बना रहेगा क्योंकि उन्होंने अंग्रेजों की कुटिल चाल का पर्दाफास किया। अंग्रेज भारत के लोगों को पंथ, भाषा, क्षेत्र और अन्य…
संविधान के लक्ष्य संबंधी प्रस्ताव पर बहस से एक बात साफ-साफ उभरती है। वह उस समय की कड़वी सच्चाई थी। बड़े नेता अखंड भारत का संविधान बनाने बैठे थे।…
मैंने इस ग्रीन पम्फलेट का जिक्र सिर्फ इसलिए किया क्योंकि पत्रकारिता का उस जमाने में और आज भी यह एक जरिया है। पत्रकारिता गांधी के रग-रग में थी, इसे हम…
संविधान सभा के पांचवे दिन पंडित जवाहर लाल नेहरू ने लक्ष्य संबंधी प्रस्ताव रखा। वे चाहते थे कि उसे संविधान सभा बिना बहस के पारित कर दे। वैसा हुआ नहीं।…
इस तरह मुगलसराय के सहायक स्टेशन मास्टर को खबर मिली। उसने बनी बनाई पद्धति अपनाई। रेलवे पुलिस को सूचना दी। रेलवे पुलिस ने अपने एक जवान को पहले भेजा और…
वर्ष 1946 की दो घटनाओं पर जितना ध्यान दिया जाना चाहिए उतना नहीं दिया गया है। पहली घटना नौसेना विद्रोह की है। इस विस्फोटक घटना ने ब्रिटिश सरकार को भारत…
के.एम. मुंशी ने अपने भाषण में समझाया कि ‘16 मई की केबिनेट मिशन योजना का समस्त व्यावहारिक प्रयोजन के लिए अंत हो चुका है और हमारी सर्वाधिकार प्राप्त संस्था पूर्ण…